महाकाल मंदिर में भस्म आरती के नाम पर नहीं थम रही वसूली, ठगे जा रहे दर्शन करने आने वाले श्रद्धालु
उज्जैन श्री महाकालेश्वर मंदिर में भस्म आरती दर्शन के नाम पर ठगी और वसूली थम नहीं रही। …और पढ़ें

HighLights
- भस्म आरती दर्शन के रोज 1700 पास जारी होते हैं, फिर भी दलाल सक्रिय हैं
- दिल्ली के 3 छात्रों से 7500 रुपये, मुंबई के श्रद्धालु से 4250 रुपये ऐंठे गए
- पहले भी मंदिर समिति के 9 कर्मचारियों पर वसूली का मामला दर्ज हुआ था
डिजिटल डेस्क, उज्जैन। श्री महाकालेश्वर मंदिर में होने वाली भस्म आरती के दर्शन के लिए देश-विदेश से श्रद्धालु उज्जैन पहुंचते हैं। भस्म आरती दर्शन के नाम पर वसूली और ठगी के मामले लगातार सामने आ रहे हैं। हर दिन मंदिर प्रबंधन द्वारा 1700 श्रद्धालुओं को भस्म आरती दर्शन के लिए पास जारी करता है।
कभी-कभी श्रद्धालु दर्शन की अनुमति नहीं मिलने से वसूली करने वालों और ठगों के संपर्क में आ जाते हैं। वसूली के मामलों में मंदिर के कर्मचारियों की मिलीभगत सामने आ चुकी है। वहीं दो साल पहले ऐसे ही मामलों में मंदिर समिति के 9 कर्मचारियों के खिलाफ एफआईआर भी दर्ज की गई थी।
दिल्ली के 3 छात्रों से 7500 रुपये की वसूली
ताजा मामलों में दिल्ली के तीन छात्रों से 7500 रुपये वसूली का मामला सामने आया था। इसका खुलासा तब हुआ जब मंदिर प्रशासक प्रथम कौशिक अचानक निरीक्षण करने पहुंचे तो उन्हें प्रोटोकॉल गेट के पास तीन छात्र मिले, पूछताछ में उन्होंने बताया कि मंदिर में दर्शन की अनुमति के नाम पर उनसे प्रति व्यक्ति 2500 रुपये लिए गए हैं।
वे उज्जैन में हर्षित जैन व रजत शर्मा नाम के दो युवकों के संपर्क में थे। छात्रों ने इन्हें ही भस्म आरती की अनुमति के लिए रुपये दिए थे। प्रशासक ने इसका खुलासा होने के बाद दोनों आरोपियों के खिलाफ पुलिस थाने में एफआईआर दर्ज कराई।
मुंबई के श्रद्धालुओं से 4250 रुपये लिए, फिर मोबाइल बंद
महाकाल मंदिर में भस्म आरती दर्शन के नाम पर हुई ठगी के ताजा मामले में मुंबई के श्रद्धालुओं से 4250 रुपये लिए गए। धीरज चोरघे निवासी विरार वेस्ट मुंबई मंदिर में दर्शन करने के लिए पहुंचे थे, इस दौरान संतोष अकोड़िया नाम के युवक ने उनसे दर्शन कराने की बात कही और पहले तीन हजार कैश और बाद में ऑनलाइन 1250 रुपये लिए। इसके बाद जब श्रद्धालु ने उससे संपर्क करने की कोशिश की तो फोन बंद मिला। महाकाल पुलिस ने इस मामले में केस दर्ज किया था।
ठगों और वसूली करने वालों से बचें
उज्जैन आने वाले श्रद्धालुओं के लिए मंदिर समिति कई बार यह निर्देश जारी कर चुकी है कि वे ठगों और वसूली करने वालों के झांसे में ना आएं। महाकाल मंदिर में भस्म आरती दर्शन के लिए जो प्रक्रिया तय की गई है उसे ही फॉलो करें। जानकारी के अभाव में कई श्रद्धालु दलालों और ठगों के झांसे में आ जाते हैं और उन्हें रुपये दे देते हैं।