दोमुंहे सांप सेंड बोआ की तस्करी करते पांच आरोपियों को उज्जैन पुलिस ने किया गिरफ्तार
पुलिस ने सांप और आरोपियों को वन विभाग को सौंप दिया। वन विभाग ने वन्यजीव संरक्षण अधिनियम के तहत केस दर्ज कर सभी को कोर्ट में पेश किया, जहां से जेल भेज …और पढ़ें

HighLights
- मुखबिर की सूचना पर नीलगंगा पुलिस ने कार्रवाई की
- सेंड बोआ सांप बेचने से पहले ही पुलिस ने दबोचा
- बड़े तस्करी गिरोह से जुड़े हो सकते हैं तार
नईदुनिया प्रतिनिधि, उज्जैन। दुर्लभ वन्यजीव की तस्करी के खिलाफ शुक्रवार को नीलगंगा पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने पांच आरोपितों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से दुर्लभ प्रजाति का सेंड बोआ (इंडियन चकलोन) सांप बरामद किया गया है। पुलिस ने सांप व आरोपितों को वन विभाग को सौंपा है। सभी को कोर्ट में पेश किया गया था, जहां से उन्हें जेल भेजने के आदेश जारी कर दिए गए।
नीलगंगा पुलिस ने बताया कि शुक्रवार को मुखबिर से सूचना मिली थी कि कुछ लोग दुर्लभ प्रजाति के दोमुंहा सांप को किसी को बेचने में लगे है। जिस पर पुलिस ने सलमान पुत्र अयूब खान निवासी मिल्कीपुरा, हफीज पुत्र गुलाब खान निवासी आगर रोड, अजहर पुत्र अबरार खान निवासी मिल्कीपुरा, गुलरेज पुत्र बाबू खान निवासी निजातपुरा तथा मुकेश पुत्र भेरूलाल निवासी कोकलाखेड़ी को गिरफ्तार किया है।
जांच शुरू कर दी
आरोपियों के कब्जे से सांप बरामद किया गया है। आरोपितों व सांप को वन विभाग को सौंपा गया है। वन विभाग के एसडीओ विक्रम सिंह सोलंकी ने बताया कि इस मामले में आरोपितों के खिलाफ वन्यजीव संरक्षण अधिनियम की विभिन्न गंभीर धाराओं के तहत प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। आरोपियों को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उन्हें जेल भेजने के आदेश जारी कर दिए गए।
खेत से पकड़ा था सांप
आरोपितों ने पूछताछ में बताया कि उन्हें सांप ग्राम कोकलाखेड़ी में एक खेत में नजर आया था। दुर्लभ प्रजाति का सांप होने की जानकारी होने के कारण उसे पकड़ लिया था। जिसे बेचने की योजना थी। मगर इससे पहले ही वह पुलिस के हत्थे चढ़ गए थे।
बड़े तस्करी नेटवर्क से जुड़े हो सकते हैं तार
प्रारंभिक जांच में इस मामले के पीछे किसी बड़े गिरोह के सक्रिय होने की आशंका भी जताई जा रही है। वन विभाग इस बात की पड़ताल कर रहा है कि कहीं यह मामला अंतरराज्यीय वन्यजीव तस्करी नेटवर्क से तो जुड़ा नहीं है। अधिकारियों के अनुसार सेंड बोआ जैसी संरक्षित प्रजातियों का अवैध शिकार, परिवहन और व्यापार गंभीर अपराध है। ऐसे मामलों में कड़ी सजा का प्रावधान हैं। बरामद सेंड बोआ सांप को सुरक्षित से जंगल में छोड़ा जाएगा।