उज्जैन में एनकाउंटर के बाद भी बेखौफ हिस्ट्रीशीटर रौनक गुर्जर ने छह अपराध और कर डाले
नईदुनिया प्रतिनिधि, उज्जैन। ढांचा भवन के हिस्ट्रीशीटर बदमाश रौनक गुर्जर का 30 जून 2019 को पुलिस ने शार्ट एनकाउंटर किया था। उस दौरान उसके पैरों में गोली लगी थी। मगर इसके बाद भी उसके मन में पुलिस का खौफ नहीं है। उसने अपराध करना नहीं छोड़ा, एनकाउंटर के बाद भी वह छह और अपराध कर चुका है। शनिवार को पुलिस ने रौनक को कोर्ट में पेश किया था, जहां से उसे दो दिन के पुलिस रिमांड पर सौंपा गया है।
बता दें कि हिस्ट्रीशीटर बदमाश रौनक गुर्जर के घर पर 12 अप्रैल की रात को चिमनगंज थाना क्षेत्र में हिस्ट्रीशीटर जीतू बुंदेला से जुड़े बदमाशों ने पुरानी रंजिश को लेकर घर पर पेट्रोल डालकर आग लगा दी थी। जिसका सीसीटीवी कैमरे का वीडियो बहुप्रसारित हुआ था।
पुलिस ने सीसीटीवी कैमरों की फुटेज के आधार पर पुलिस ने बुंदेला गैंग के बदमाश यशवेन्द्र उर्फ छिंगु बुन्देला निवासी मोहन नगर, किशोर पटेल निवासी चिंतामण, मोहित पटेल निवासी फाजलपुरा, अमन उर्फ बच्चा, बबलू ठाकुर, ओम उर्फ बच्चा, चिनु मराठा, निखिलेश उर्फ निक्कु मराठा, राहुल उर्फ भय्यु गोहर, निक्कू गोहर, आशुतोष उर्फ आशु, राहुल उर्फ सूर्या सूर्यवंशी सभी निवासी चिमनगंज तथा कमल परमार उम्र 22 साल निवासी निजातपुरा के खिलाफ केस दर्ज किया था।
खुद को गोली मारकर थाने पहुंचा था गुर्जर का साथी
12 अप्रैल की रात को ही करीब 12 बजे अतीक पुत्र विपिन महुरकर निवासी ढांचा भवन चिमनगंज थाने में घायल अवस्था में पहुंचा था। जहां उसने शिकायत की थी कि उसे शिव मंदिर के पास ढांचा भवन क्षेत्र में आला बाथम निवासी मोहन नगर, आगर रोड ने अपने ने साथी के साथ पूर्व विवाद को लेकर गोली मार दी है। अतीक से सख्ती से पूछताछ की गई थी। जिसमें उसने खुद को गाेली मारना स्वीकार किया और रौनक के कहने पर आला बाथम को फंसाने के लिए झूठी रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पुलिस ने रौनक को भी आरोपित बनाया था।
क्लीनिक के बाहर से दबोचा
गुरुवार रात को पुलिस ने उसे इंदौर में एक डाक्टर के क्लीनिक के बाहर से पकड़ा था। शुक्रवार को ढांचा भवन क्षेत्र में उसका जुलूस निकाला था। शनिवार को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उसे दो दिन के पुलिस रिमांड पर सौंपा गया है। उल्लेखनीय है कि वर्ष 2005 से अपराध की दुनिया में उतरा रौनक राैनक गुर्जर काफी शातिर बदमाश है। उसके खिलाफ हत्या, प्राणघातक हमला, घर में घुसकर मारपीट करने, रास्ता रोककर मारपीट करने, आर्म्स एक्ट सहित अन्य गंभीर धाराओं में 50 केस दर्ज है।
आरोप है कि 30 जून 2019 को उसने पुलिस पर गोली चलाई थी। जिसके बाद पुलिस ने उसका शार्ट एनकाउंटर कर दिया था। पैर में गोली लगने के बाद वह गंभीर घायल हो गया था। मगर इसके बाद भी उसके मन में पुलिस को कोई डर नहीं है। एनकाउंटर के बाद भी रौनक अब तक छह और अपराध कर चुका है। रौनक पर चिमनगंज थाने में 28, कोतवाली थाने में चार, माधवनगर थाने में दो, जीवाजीगंज थाने में एक, नीलगंगा में तीन, खाराकुआं में एक, भैरवगढ़ थाने में दो, देवासगेट में दो तथा रतलाम के स्टेशन रोड थाने में एक, खरगोन के कसरावद में एक केस दर्ज हैं।
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