रतलाम रेलवे फाटक पर तैनात गेटमैन शराब के नशे में धुत काम पर गया। रात में पांच ट्रेनें निकलने के बाद भी फाटक नहीं खोलने पर लोगों ने जाकर देखा तो उसे हो…और पढ़ें

HighLights
- रतलाम रेलवे फाटक पर तैनात गेटमैन शराब के नशे में धुत काम पर गया
- रात में पांच ट्रेनें निकलने के बाद भी फाटक नहीं खोलने पर लोगों ने जाकर देखा तो उसे होश ही नहीं था
- केबिन पर चर्चा करने के बाद फाटक खुला, इस दौरान फाटक के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग गई
नईदुनिया न्यूज, नागदा जंक्शन (उज्जैन)। रतलाम रेलवे फाटक पर तैनात गेटमैन शराब के नशे में धुत काम पर गया। रात में पांच ट्रेनें निकलने के बाद भी फाटक नहीं खोलने पर लोगों ने जाकर देखा तो उसे होश ही नहीं था। केबिन पर चर्चा करने के बाद फाटक खुला। इस दौरान रेलवे फाटक के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग गई और वाहन चालक परेशान होते रहे। सूचना के बाद विभाग के अधिकारी ने उक्त गेटमैन को नौकरी से ही हटा दिया है।
गेटमैन ने ज्यादा शराब पी ली थी
रेलवे फाटक पर तैनात गेटमैन रात्रि में ज्यादातर शराब के नशे में तैनात रहते हैं। इसकी कई बार अधिकारियों से शिकायत भी की है, पर मामले को अधिकारी गंभीरता से नहीं लेते हैं। रविवार की रात्रि रतलाम रेलवे फाटक पर गेटमैन अखिलेश परमार तैनात था। उसने ज्यादा शराब पी ली थी।
नशे में धुत गेटमैन फाटक बंद कर बैठ गया
नशे में धुत अखिलेश परमार फाटक बंद कर बैठ गया। इस दौरान दोनों ओर वाहनों की कतार लग गई। चालक व लोग परेशान होते रहे। पांच ट्रेनें निकलने के बाद भी फाटक नहीं खुला। लोगों ने वहां जाकर देखा तो गेटमैन होश में ही नहीं था। उससे फाटक खोलने का कहा तो भी उसने कोई जवाब नहीं दिया।
दोनों ओर वाहनों की कतार लग गई
इसकी जानकारी केबिन पर दी गई, इसके बाद फाटक खुला। विभाग के अधिकारी ने गेटमैन को नौकरी से हटा दिया है। बता दें कि उक्त फाटक पर तैनात गेटमैन कई बार अपनी मनमानी कर 4-5 ट्रेनें निकालने के बाद भी फाटक नहीं खोलते हैं। नियमानुसार अप और डाउन से ट्रेनें क्रॉस होने के बाद फाटक खोला जाना चाहिए।