उज्जैन में नए एयरपोर्ट के लिए एक और कदम आगे बढ़ गया है। इसके लिए पर्यावरणीय मंजूरी की प्रक्रिया शुरू हो गई है। मध्यप्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड, उज्ज…और पढ़ें

HighLights
- उज्जैन में नए एयरपोर्ट के लिए एक और कदम आगे बढ़ गया है
- इसके लिए पर्यावरणीय मंजूरी की प्रक्रिया शुरू हो गई है
- मध्यप्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड, उज्जैन के क्षेत्रीय कार्यालय इसके लिए जनसुनवाई करेंगे
नईदुनिया प्रतिनिधि, उज्जैन : उज्जैन में नए एयरपोर्ट के लिए एक और कदम आगे बढ़ गया है। इसके लिए पर्यावरणीय मंजूरी की प्रक्रिया शुरू हो गई है। मध्यप्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड, उज्जैन के क्षेत्रीय कार्यालय इसके लिए जनसुनवाई करेंगे। इसमें स्थानीय लोग परियोजना को लेकर अपने सुझाव, आपत्ति और समस्याएं दर्ज करा सकेंगे।
उज्जैन में एयरपोर्ट 135.97 हेक्टेयर में बनाया जाएगा। इसकी क्षमता पीक ऑवर्स में 450 यात्रियों की होगी। जिस जगह पर एयरपोर्ट बनना है, वहां परियोजना में उज्जैन तहसील के दताना और नरवर गांव की जमीन शामिल है।
प्रोजेक्ट को लेकर 18 सितंबर को दोपहर 12 बजे ग्राम नरवर, तहसील एवं जिला उज्जैन में जनसुनवाई आयोजित की जाएगी। जिन लोगों को एयरपोर्ट परियोजना से संबंधित कोई सुझाव, आपत्ति, टिप्पणी या शिकायत है, वे जनसुनवाई में उसे दर्ज करा सकते हैं। इसके अलावा लिखित आपत्ति भी क्षेत्रीय अधिकारी, मध्यप्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड, उज्जैन के कार्यालय में कार्यालयीन समय में जमा की जा सकती है।
उज्जैन की एयर कनेक्टिविटी के लिए अहम कदम
उज्जैन में नया एयरपोर्ट बनने के बाद महाकाल दर्शन के लिए देशभर से आने वाले श्रद्धालुओं को फायदा होगा। उज्जैन एयरपोर्ट पर पीक आवर्स में जहां यात्री संख्या 450 रहेगी, वहीं इंदौर एयरपोर्ट पर फिलहाल 1350 यात्री क्षमता पीक आवर्स में है। इंदौर से हर दिन 80 से ज्यादा फ्लाइट का संचालन होता है।
भगवान महाकाल की नगरी उज्जैन में एयरपोर्ट बनाने के लिए डीआरए इंफ्राकान, रवि इन्फ्राबिल्ड, गावर कंस्ट्रक्शन और अशोका बिल्डकान सहित छह निर्माण कंपनियों ने इच्छा जाहिर कर भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण (एएआइ) को निविदा प्रस्ताव दिए हैं। निविदा प्रस्ताव का तकनीकी और वित्तीय परीक्षण अभी किया जा रहा है। शर्ताें पर खरी उतरी इनमें से एक कंपनी को महीने-दो महीने में कार्य आदेश जारी कर काम शुरू कराने की उम्मीद है।